मोकामा

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मुझे भी हक है क्या

कभी-कभी सोंचता हूं मुझे भी हक है क्या कुछ बोलने का, या फिर सोचने का? मोकामा चौक और नुक्कड़ों पर लोग बातें करते हैं अपने पड़ोसियों के चूल्हों और देश-विदेश [ … ]