माघी पूर्णिमा ,उमड़ी भीड़

आज 31 जनवरी को 2018 को चंद्र ग्रहण हो रहा है और इस दिन माघ माह की पूर्णिमा भी है. इसलिए आज के दिन का विशेष महत्व है. इस दिन पवित्र नदियों में स्नान करने का विशेष महत्व माना गया है. हिंदू पंचाग के अनुसार ग्यारहवें महीने में कर्क राशि में चंद्रमा और मकर राशि में सूर्य प्रवेश करता है तब माघ पूर्णिमा का पवित्र योग बनता है. इस दिन चंद्रमा अपनी सोलह कलाओं से शोभायमान होकर अमृत की वर्षा करते हैं. इसके अंश वृक्षों, नदियों, जलाशयों और वनस्पतियों में होते हैं. माना जाता है कि माघ पूर्णिमा में स्नान दान करने से सूर्य और चंद्रमा युक्त दोषों से मुक्ति मिलती है. माघ पूर्णिमा के दिन माघ मेले का आयोजन किया जाता है. स्नान और दान के बाद श्रद्धालु पूजा-पाठ, यज्ञ आदि करते हैं.

माघ पूर्णिमा के अवसर पर मोकामा के गंगा घाट पर स्नान करने के लिए दूर दूर से लोग आ रहे है.मोकामा और हथिदह स्टेशन पर क्षर्धालुओं की काफी भीड़ देखि जा रही है.सिमरिया  क्षर्धालुओं से भरा पड़ा है जबकि महादेव् स्थान,मालिया घाट,नारायणी घाट ,तपसी स्थान घाट पर लोग स्नानं और दान कर रहे हैं.

सरस्वती पूजा कलम नहीं गोली चली

मोकामा यूँ तो बदनाम रहा है अपने खून खराबे के लिए .मगर जिस तरह से आज का युवा मनचला होता जा रहा है की सरस्वती पूजा में कलम की जगह गोली चलाने लगा है .अश्लील गीत संगीत बिलकुल आम हो गया सरस्वती में.अभी एक पूजा में महिलाओं को छेड़ने का आरोप लगा था. अब गोली चली है सरस्वती पूजा के सांकृतिक कार्यक्रम में एक  लड़का  जिलाकात कुमार पांडेय घायल हो गया है.मोकामा टाल क्षेत्र के सम्यागढ़ ओपी अंतर्गत प्रह्लादपुर गाव में ये घटना हुई है .पुलिस ने बदमाश को पकड़ लिया है , तलाशी में देशी पिस्टल और जिन्दा कारतूस  मिला  है.बदमाश तारतर गाव के निजामुद्दीनचक टोला निवासी विकास कुमार पासवान है .घायल युवक को घोसवरी पीएचसी में प्राथमिक उपचार के बाद बाढ़ अनुमंडलीय अस्पताल रेफर किया गया.युवक अभी खतरे से बाहर है .
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याद आये याजी

वह वोलता तो बड़े बड़े की बोलती बंद हो जाती थी । आजादी के दीवानों में कुछ एक ही ऐसे लोग थे जिनको गाँधी जी ओर सुभाष चंद्र बोस दोनों का सानिध्य प्राप्त था । जब उनका दिल करता तो गाँधी जी से गाँधी वाद सीख लेते जब दिल में आता तो सुभाष के साथ मिलकर अंग्रेजो से लोहा लेने लगते । चाहे आहिंसा के पुजारी ,चाहे गरम दल के लोग दोनों ही दल के लोग याजी को अपना नेता मानते थे । याजी भी फक्कर मसीहा थे जब दिल में आया गरम दल में ,जब दिल में आया नरम दल में । मगर हर हाल में अंग्रेजो को बाहर भगाने के लिए तत्पर । अपनी पूरी जिन्दगी उन्होंने समाज सेवा में लगा दिया , जब तक वो जीवित रहे लड़ते रहे समाज सुधारमें लगे रहे , जीवन के आखरी दिनों में भी वो लड़ते रहे :- चाहे बात किसानो की हो , चाहे बात मजदूरों की हो , चाहे गरीबों के हक़ की बात हो , उन्होंने अपना पूरा जीवन देश पर न्योछावर कर दिया .श्री याजी जी एक प्रख्यात स्वतंत्रता सैनानी, प्रखर पूर्व सांसद, पूर्व विधायक, नेता जी सुभाष चन्द्र बोस के निकटतम सहयोगी एवं अखिल भारतीय स्वतंत्रता सेनानी संगठन के संस्थापक कार्यकारी अध्यक्ष थे.

अखिल भारतीय स्वतंत्रता सेनानी संगठन के संस्थापक अध्यक्ष एवं पूर्व राज्यसभा सदस्य स्व. शीलभद्र याजी की 22वीं पुण्यतिथि मनायी गयी. सभा में वक्ताओं ने स्वतंत्रता आंदोलन में उनके योगदानों का उल्लेख किया. संगठन के प्रदेश सचिव हरिशंकर नाथ तिवारी ने सरकार द्वारा सेनानी परिवार को दी जाने वाली सुविधाओं को महज छलावा बताया. इस संदर्भ में उन्होंने सरकार द्वारा बेटियों की शादी में 51 हजार रुपये सहयोग राशि दिए जाने के वादे का उल्लेख किया. साथ ही उन्होंने सेनानियों का परिचय पत्र बनाने एवं अधिकारियों द्वारा सेनानी परिवार को सम्मान न देने का भी जिक्र किया. संगठन के सदस्य जनार्दन शर्मा ने सेनानी परिवार को सरकारी नौकरियों में दो प्रतिशत आरक्षण दिए जाने के निर्णय को संगठन की जीत बताया. अन्य वक्ताओं ने आजादी की लड़ाई में स्व. याजी के समकालीन शहीदों रबाईच ग्राम के स्व. मोगल सिंह एवं राघोपुर गांव के नाथो यादव की स्मृतियों को संजोने की बातें कहीं. सभा की अध्यक्षता वाल्मीकि प्रसाद एवं संचालन रामानंद शर्मा ने किया.

आरती बेटी बिहार की

राष्ट जब अपना 69 गणतंत्र दिवस मन रहा था. तो मोकामा की बेटी आरती अपने सपने को सच करने के लिए गणतंत्र दिवस परेड में राजपथ पर उतरी थी.भाड़ी भरकम बुलेट पर जंहा अच्छे अच्छे लडखडा जाते है आरती  ने पूरी कुशलता  अपना परफोर्मेंस दिया.इस बार बी.एस.ऍफ़. के भवानी दस्ते को बहुत ही शोर्ट नोटिश पर परेड में शामिल होने का न्योता मिला था.गणतंत्र दिवस में इस बार पहली बार शामिल हुई थी बी.एस.ऍफ़. की महिला बटालियन  मगर भारत की बेटियों ने इसे चुनोती के रूप में लिया और कर दिखाया.इन स्टंट्स में पिरामिड, फिश राइडिंग, शक्तिमान, विंड मिल और बुल फाइटिंग शामिल थे. उन्होंने फ्लोरल ट्रिब्यूट, साइड सैल्यूटिंग दी. मोर जैसी आकृति बनाई.भवानी दस्ते ने कुल 4 से 5 मिनट तक अपना प्रदर्शन किया.परेड में 51 महिलाओं ने बाइक राइडिंग की और उनके समेत कुल 113 महिलाओं की डेयरडेविल्स टीम ने 350 सीसी की 26 रॉयल एनफील्ड बुलेट मोटरसाइकल्स पर स्टंट और एक्रोबेटिक्स दिखाए.  इन बाइकर्स रेजिमेंट  में 20 महिलाएं पंजाब, 15 पश्चिम बंगाल, 10 मध्य प्रदेश, 9 महाराष्ट्र, 8 उत्तर प्रदेश, 7-7 असम और बिहार, 6 ओडिशा, 5-5 राजस्थान, मणिपुर और गुजरात, 3-3 जम्मू-कश्मीर और छत्तीसगढ़, 2-2 कर्नाटक, उत्तराखंड, दिल्ली और केरल और 1-1 मेघालय और हिमाचल प्रदेश से हैं

आरती  मोकामा के औंटा गांव की अलख निरंजन शर्मा जी की बेटी  है .आरती ने २०१४ में बी एस ऍफ़ ज्वाइन किया था .और जब उसे राजपथ पर हुनर दिखने का मौका मिला तो उसने उसे सफलतापूर्वक अंजाम दिया. देखिये वीडियो में.

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मोकामा की बेटी शमा जिसने कब्बडी में मोकामा का नाम रौशन किया 
मोकामा की कोमल नेशनल कबड्डी कैंप के लिए चयनित
कब्बडी खिलाड़ी स्मिता कुमारी 

ये कौन लोग हैं ये कौन सा रंगबाज़ है

ये कौन लोग हैं ये कौन सा रंगबाज़ है जो सरस्वती पूजा तक में महिलाओं के साथ बदमाशी करते है.उन्हें छेड़ते है .कल की घटना है जब मोकामा थाना की डॉक्टर टोली में प्रतिमा विसर्जन के दौरान  कुछ लफुओं ने सारे राह महिलाओं को परेशान किया.हालाँकि पुलिस आई छान वीन किया पर मनचलों को पकड़ने में नाकाम  रही .इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं हो सकी है. पुलिस का कहना है कि पीड़िता ने लिखित शिकायत दर्ज कराने से इन्कार कर दिया.कुछ बाइक सवार लोग थे जिन्होंने ने महिलाओं से बदमाशी की है .पूजा की पवित्रता को भी नहीं छोड़ते है ,सरस्वती पूजा धीरे धीरे पूरी तरह बदनाम होने लगी है .हर वर्स कुछ न कुछ होता ही रहता है.कंही अश्लील गाने पर नृत्य तो कंही महिलाओं के साथ छेड़खानी.आखिर हमारी मानसिकता इतनी गन्दी कैसे हो गई .कंहा से कंहा आ गए हम.

शमा जलती रहे तो बेहतर है

‘लोग मैदान में शौच करके चले जाते थे…ताकि मैं खेल न सकूं’ ये कहना है कब्बडी खिलाड़ी शमा परवीन  का .

पिछले कुछ वर्षों से मोकामा की मिट्टी ने कुछ येसे हीरे उगले हिया जिसकी चमक से पूरा हिन्दुस्तान चमका है.कभी स्मिता ,कभी नीतू ,कभी शमा .मोकामा के गौरव की जब भी बात होगी आप सबका नाम सबसे ऊपर होगा.


शमा परवीन बिहार के मोकामा की बेटी है जिसने कब्बडी में अपना जूनून साबित किया.  मोकामा के दरियापुर गांव की शमा परवीन अपनी टीम में कॉर्नर पोजिशन से खेलती हैं. अपनी टीम की वह चर्चित रेडर भी है. अल्पसंख्यक परिवार से आने वाली शमा के पिता इलियास जी ने ने ही उसे कबड्डी सिखाई थी. बेहद गरीब परिवार से आने वाली शमा परवीन बचपन से ही कबड्डी खेल रही हैं.

बहुत विरोध के वावजूद अपने जूनून को जीत में बदला .एक इंटरव्यू के दौरान शमा ने कहा कि गांववालों को उनका कबड्डी खेलना मंजूर नहीं था, अक्सर लोग मैदान में शौच करके चले जाते थे, शीशा फेंक देते थे, कील तक फेंकते थे ताकि मैं उस मैदान में खेल ना पाऊं. शमा ने अपने पुराने दिनों को याद कर कहा कि वो उसके घरवालों और रिश्तेदारों पर दबाव बनाते थे, ताकि वो खेल न सके,दादी तक ने उसका विरोध किया था.मगर पिता इल्यास   को पूरा भरोसा था .और शमा ने उस भरोसे को जीत में बदल दिया.साल 2007 में आरा में एक मैच में जीतने के बाद इनाम के तौर पर उसे 100 रुपए मिले थे। इसके बाद शमा ने पिछे मुड़कर नहीं देखा. जूनियर नेशनल कबड्डी चैंपियनशिप और फिर सीनियर नेशनल चैंपियनशिप में शमा ने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई. इसके बाद शमा 2017 में एशियन महिला कबड्डी चैंपियनशिप के लिए ईरान पहुंची. यहां शमा ने गोल्ड मेडल जीता. इसके बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शमा को बधाई दी.

मोकामा की इस बेटी ने तमाम बाधाओं को पार करके अपनी राह बनाई.अपने छोटे बालों और कपडे पर हसने वालों को अपने जीत से चुप कराया. पूरा विडियो देखिये.

बस 5 लाख और ए. के. 47, काम तमाम

मोनू और निलेश के पकडे जाने के बाद पुलिस और छापे मार रही है ,कल गुड्डू सिंह को मरने वाले 4 अपराधियों को पटना से  पकड़ा गया है.

बाढ़ कोर्ट परिसर में 8 सितंबर, 2017 को कुख्यात गुड्डू सिंह की हत्या करने के मामले में पटना पुलिस ने चार और अपराधियों को नौबतपुर थाना इलाके के निसारपुर बगीचा के पास से गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने मनेर के राहुल कुमार, नौबतपुर के विद्यानंद उर्फ होंठकटबा, बिट्टू उर्फ सन्नी और बिहटा के धनित सिंह को तीन देसी पिस्टल, सात राउंड जिंदा कारतूस और चार मोबाइल के साथ गिरफ्तार कर लिया. होंठकटबा के पिता केश्वर राय आईटीबीपी के जवान हैं. पूछताछ के दौरान होंठकटबा ने खुलासा किया कि गुड्डू सिंह पर पहली गोली उसी ने चलाई थी। उस वक्त उसके साथ मोनू भी मौजूद था. बाकी के लगभग दस अपराधी कोर्ट के बाहर पुलिस पर नजर रख रहे थे. वे लोग पूरी तैयारी कर कोर्ट गए थे. मोनू स्काॅर्पियो में एके 47 भी लाया था ताकि पुलिस आती है तो उससे भी मुठभेड़ किया जा सके. उसने कहा कि उसे इस काम के लिए 50-50 हजार रुपए देने की बात कही गई थी. बिहटा के कुख्यात मनोज को सोनू मोनू ने गुड्डू की हत्या करवाने के लिए 5 लाख की सुपारी दी थी और काम के बाद एके 47 भी देने का डील किया हुआ था. एसएसपी मनू महाराज ने बताया कि मनोज कुख्यात अपराधी है और गिरफ्तार शातिर उसी के लिए काम करते हैं.

पिटी पुलिस

यूँ तो सरस्वती माँ की पूजा ज्यादात्तर विद्यार्थी करते है.मगर जिस तरह से आज कल कुछ अराजकतत्व भी सरस्वती पूजन का आयोजन करने लगे है.जिस तरह से पंडाल में अश्लील गीतों पर नृत्य किया जाता है.आये दिन सरस्वती पूजा में झगड़े का समाचार मिलता रहता है.

कल की घटना मोकामा के घोसवरी से है ,सरस्वती विसर्जन को जा रहे लोगों की पुलिस से झड़प हो गई. बात हाथापाई तक पहुच गई और दो पुलिस वाले ही घायल  हो गए .घोसवरी के रामनगर गांव के लोग डीजे की धुन पर नाचने-गाने के दौरान सड़क को जाम कर रखा था. पुलिस ने मना किया तो उलझ गए. मामले में 6 नामजद एवं 40 अज्ञात पर मामला दर्ज किया गया है.

आखिर सरस्वती के उपासक पुलिस तक से भिड  जाते है क्या  ,रोड जाम करते है क्या .अश्लील गीतों पर डांस करते हजी क्या.उन्हें तो बस कितोबों से मतलब होना चाहिए.पढाई ही पूजा होनी चाहिए.

मर्डर मोकामा में -गोली मार कर हत्या

पंडारक के हरेराम की हत्या गोली मार कर कर दी गई.अभी कीसी के पकडे जाने की कोई सुचना नहीं है.६० वर्षीय हरेराम को पंडारक स्टेशन के पास मार दिया गया . पूरी रात शव पटरी किनारे पड़ा रहा. बुधवार की सुबह परिजनों को हरेराम का शव पड़ा रेल पटरी पर पड़े होने की सूचना मिली. परिजनों ने बताया हरेराम खुशरूपुर गए थे. पूरी रात घर नहीं पहुंचने पर खोजबीन की जा रही थी. आशका जताई जा रही है कि हत्यारे वृद्ध के लौटने के इंतजार में घात लगाए थे. सूचना पर पंडारक थाने की पुलिस घटनास्थल पर पहुंची. इस दौरान मोकामा रेल थाने को पटरी किनारे शव पड़ा होने की सूचना पर स्टेशन मास्टर ने मेमो दिया. तबजाकर मोकामा जीआरपी का क्षेत्राधिकार निर्धारित हुआ.बताया जाता है की उनका भी चरित्र संदिघ्ध था .

पुलिस ने बताया कि हरेराम पर पंडारक थाने में चार आपराधिक मामले भी दर्ज हैं. क्षेत्र में राम जनम यादव व उदय यादव गिरोह के बीच वर्षो से गैंगवार चल रहा है. पुलिस ने हरेराम का संबंध भी एक गैंग से होने की बात कही. पिछले महीने इन गिरोहों के गैंगवार में विनोद यादव को दियारा क्षेत्र से अगवा कर हत्या कर दी गई थी. विरोध में ग्रामीणों ने एनएच 31 पर जाम भी लगाया था.  बताया जा रहा है कि उदय यादव गिरोह को हरेराम यादव पर रामजन्म यादव गिरोह की मुखबिरी करने का शक था.रामजन्म यादव के लिए मुखबिरी के शक में ही उदय यादव गिरोह द्वारा हत्या की बात बताई जा रही है .इस वृद्ध की हत्या विनोद की हत्या के प्रतिशोध में होने की आशका पुलिस ने जताया है , रेल थाने ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम को भेजा है.मृतक के दो पुत्र दिल्ली में काम करते हैं. उनके आने के बाद प्राथमिकी दर्ज होने की कार्रवाई किये जाने की बात कही. हत्या की घटना से क्षेत्र में दहशत है. शाति प्रिय लोग अनहोनी की आशका को लेकर सहमे हुए हैं.

नंदन अस्पताल का शुभारंभ

मोकामा स्टेशन रोड में बसंत पंचमी के अवसर पर मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल का शुभारंभ किया गया. सामाजिक कार्यकर्ता राकेश नंदन प्रसाद सिंह और श्रीमति नीलम सिंह द्वारा फीता काटकर और नारियल फोड़कर मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल का शुभारंभ किया गया. अस्पताल के निदेशक डॉक्टर शरद नंदन और डॉक्टर रश्मिका सिंह ने बताया कि अस्पताल में सभी प्रकार के बीमारियों की इलाज की सुविधा मुहैया कराई जाएगी. मोकामा में स्वास्य सेवाओं की कमी को देखते हुए मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल का शुभारंभ किया गया है. उन्होंने बताया कि मोकामा में पटना के डॉक्टरों को बुलवाकर स्वास्य सेवाएं मुहैया कराई जाएंगी. अस्पताल के निदेशक डॉ. शरद नंदन ने बताया कि आम लोगों और गरीब जरूरतमंदों को बुनियादी स्वास्य सेवाएं मुहैया कराना अस्पताल का लक्ष्य होगा. प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. मारुत नंदन ने कहा कि हर चिकित्सक जरूरतमंदों तक अपनी सेवाएं पहुंचाने के लिए प्रयासरत हो तो आम लोगों को भी उनके घर के आसपास सभी प्रकार की स्वास्य सेवाएं मुहैया हो सकती हैं. हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. पंकज कुमार ने कहा कि वह अपनी सेवाएं आम लोगों को प्रदान करने में हर अपना हर संभव योगदान देंगे.