मोकामा टाल से किऊल के बीच बिछेगी डबल लाइन

मुगलसराय-हावड़ा रूट में तीसरी लाइन की मांग के बीच इस रूट पर ट्रेनों के बढ़ते दबाव को कम करने के लिए वैकल्पिक रेलवे ट्रैक बनाने की तैयारी है। पटना से मोकामा के बीच भविष्य में ट्रेनों की संख्या बढ़ने के मद्देनजर वैकल्पिक रेलवे ट्रैक बनेगा। इसी के मद्देेनजर मुगलसराय-झाझा मेन लाइन में मोकामा टाल से किऊल तक डबल लाइन बिछाने की योजना है।

अभी इस रेलखंड पर सिर्फ दो लाइनें हैं। रेलवे के जानकारों के अनुसार यह भविष्य की जरूरत को पूरा करने में सक्षम नहीं है। दो अतिरिक्त ट्रैक बन जाने के बाद रेलवे परिचालन व्यवस्थित हो सकेगा। हाल ही में पटना आए रेलमंत्री पीयूष गोयल के समक्ष पटना होते हुए झाझा से पंडित दीनदयाल जंक्शन (मुगलसराय) के बीच दो अतिरिक्त ट्रैक का निर्माण की मांग बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स से जुड़े व्यवसायियों ने रखी थी। इस बाबत दानापुर मंडल ने प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा है। दानापुर मंडल के डीआरएम रंजन प्रकाश ठाकुर ने बताया कि इस रूट पर दो और लाइन बिछाने की आवश्यकता जताई है। डीआरएम के अनुसार मोकामा टाल से किऊल तक करीब 30 किलोमीटर के दायरे में मौजूदा डबल लाइन के अलावा एक और डबल ट्रैक बिछाने से काफी हद तक कंजेशन कम हो जाएगा। किऊल से गया के बीच रेल लाइन की डबलिंग हो रही है, इससे ट्रेनों की संख्या बढ़ेगी। इससे कंजेशन बढ़ जाएगा। बाढ़ थर्मल पूरी तरह चालू हो जाएगा, तब कोडरमा से झाझा होकर किऊल के रास्ते यहां के लिए रोज 20 रेक मालगाड़ी चलेगी। इससे भी कंजेशन बढ़ेगा। किऊल से जमालपुर होकर मुंगेर ब्रिज के लिए रेल रूट है। मोकामा टाल से सिमरिया लाइन और एक-दो साल में गंगा में एक और नया रेल ओवरब्रिज बनना है। इससे भी ट्रेनों की संख्या बढ़ेगी। मेन लाइन का दबाव अलग से है। यह सारा दबाव करीब 30 किमी के दायरे में मोकामा और किऊल के बीच ही होगा। किऊल और झाझा के बीच के स्टेशन .किऊल व झाझा के बीच 30 किलोमीटर के दायरे में किऊल, लखीसराय, अशोक धाम, मनकथ, धूरंत, डुमरी हाल्ट, गंगाशाही हाल्ट, बड़हिया, जलालपुर हॉल्ट, रामपुर डुमरा, हथिदह, टाल जंक्शन और मोकामा जंक्शन है।(सौजन्य:-प्रभात खबर)