डाँ बैधनाथ शर्मा (बच्चा बाबू) की पुण्यतिथि

आज मोकामा राम रतन सिंह महाविद्यालय के पुर्व हिन्दी के प्राध्यापक डाँ बैधनाथ शर्मा (बच्चा बाबू) की पुण्यतिथि पे श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पुण्यात्मा को सत सत नमन करती हूँ।
इनकी जीवन यात्रा समय :-
(27 अगस्त 1936 ___ 27 दिसंबर 2009)

मोकामा संकरवार टोला निवासी डाँ बैधनाथ शर्मा राम रतन सिंह महाविद्यालय में हिन्दी के व्याख्याता थे व हिन्दी विभागाध्यक्ष के पद को भी सुशोभित किये। मोकामा के राजनीति में एक समाजसेवी के रूप में भी सक्रिय योगदान दिये या यूँ कहें उन दिनों ये मोकामा राजनीति की धुरी थे। ये मोकामा नगरपालिका से वार्ड आयुक्त निर्वाचित होकर मोकामा नगरपालिका के चेयरमैन के पद को भी सुशोभित करते हुए मोकामा के विकास और समाजिक कार्यों में भी अपनी योगदान बखूबी निभाई। यहाँ के विद्यार्थी हिंदी पुस्तकालय के पुनरुत्थान में भी इन्होने अहम भूमिका निभाई।
हिंदी भाषा में इनका योगदान कभी भुलाया नहीं जा सकेगा क्योंकि “नूतन हिंदी व्याकरण और रचना” इनकी हिंदी व्याकरण पर लिखी बहुत ही सरल पुस्तक है जिसे पढकर हिंदी व्याकरण आसानी से सीखा जा सकता है, इनके लेख व ब्लॉग अख़बारों और पत्रिकाओं में अक्सर छपते रहते थे। इनके हिन्दी ज्ञान को देखते हुए भारत सरकार ने इन्हें विश्व हिंदी सम्मेलन में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए भेजा। 27 दिसंबर 2009 रविवार की सुबह इन्होंने अपनी अंतिम साँस ली । आज के वर्तमान मुख्यमंत्री नितिश कुमार बच्चा बाबू को पुरा सम्मान करते थे इनके हर क्रार्यक्रम में सम्मिलित होतें थे इनके गुजर जाने के बाद भी इनके लिये आयोजित क्रार्यक्रमों में समिलित होते रहे और इनके हिन्दी गौरव ज्ञान का सम्मान करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री माननीय नितीश कुमार जी ने मोकामा रेफरल अस्पताल का नाम इनके नाम पर डॉ. बैद्यनाथ शर्मा रेफरल अस्पताल मोकामा कर दिया । अपनी लेखनी ,राजनैतिक और समाजसेवी कार्यशैली से मोकामा का नाम रौशन किया।
डाँ बैधनाथ शर्मा को सत्-सत्-नमन एवं श्रद्धा सुमन अपिर्त करती हूँ। #मोकामा
जय श्री कृष्ण।।

 

Ruchi Sharma